
जिले के औद्योगिक विकास को नई दिशा देने का संकल्प
एमसीबी/15 सितम्बर 2025। जिले के औद्योगिक विकास को गति देने और उद्यमियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से विमल श्री टॉकीज, मनेन्द्रगढ़ में “उद्योग-बैंकर्स संवाद” कार्यशाला का भव्य आयोजन हुआ।
इसका आयोजन जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र तथा छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इंडस्ट्रीज (जिला एमसीबी) ने संयुक्त रूप से किया।
मुख्य अतिथि और विशिष्ट अतिथि
लखनलाल देवांगन, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री, छत्तीसगढ़
श्याम बिहारी जायसवाल, स्वास्थ्य मंत्री
चिरमिरी महापौर रामनरेश राय एवं जिला अध्यक्ष चंपादेवी पावले विशेष रूप से उपस्थित रहीं।
प्रमुख घोषणाएँ और जानकारियाँ
नई औद्योगिक नीति 2024-30 पर विस्तृत जानकारी दी गई।
प्रधानमंत्री मुद्रा लोन की सीमा 10 लाख से बढ़ाकर 20 लाख की गई।
ई-वे बिल सीमा 50 हजार से बढ़ाकर 1 लाख रुपये की गई।
32,000 युवाओं को रोजगार और निवेशकों की संख्या 7.5 लाख तक पहुँची।
केल्हारी, भरतपुर, चिरमिरी और मनेन्द्रगढ़ में नए उद्योग स्थापित होंगे।



चैनपुर इंडस्ट्रीज एरिया का संधारण व परसगढ़ी इंड्रस्ट्रीज एरिया का विकास।
उद्यमियों के लिए ऋण स्वीकृत
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना:
उपश्याम ट्रेडर्स – ₹6 लाख
न्येन कलेक्शन – ₹10 लाख
सूरज फर्निचर – ₹9 लाख
वकील फर्निचर – ₹10 लाख
विनायक इंटरप्राइजेज – ₹5 लाख
नियाकत अली – ₹5 लाख
कार्यशील पूँजी ऋण योजना: सुरजीत वुड्स प्रोडक्ट्स – ₹35 लाख
सीसीजीसीसी योजना: शंकर कश्यप – ₹60 हजार
पीएमएफएमई योजना: कल्पना – ₹4 लाख, सीता बाई – ₹9 लाख, दीपा केवट – ₹4 लाख, परसराम यादव – ₹4 लाख
कार्यशाला की खास बातें
उद्यमियों को सीधे बैंक अधिकारियों से संवाद का अवसर मिला।
महिला उद्यमियों और स्व-सहायता समूहों के लिए विशेष सत्र हुआ।
“वोकल फॉर लोकल” और “आत्मनिर्भर भारत” को बढ़ावा देने पर जोर।
समापन संदेश
अधिकारियों ने कहा कि यह आयोजन केवल एक कार्यक्रम नहीं बल्कि जिले के आर्थिक परिवर्तन की शुरुआत है।
उद्योग-व्यापार को नई दिशा देने के इस ऐतिहासिक अवसर पर सभी प्रतिभागियों ने इसे सफल और सार्थक बताया।



