
भूमि विवाद, मुआवजा, राशन, आवास और अवैध कोयला उत्खनन सहित 21 आवेदनों पर हुई सुनवाई
एमसीबी (मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर), 26 मई 2026
कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी सुश्री संतन देवी जांगड़े ने आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय-सीमा (टीएल) बैठक के बाद साप्ताहिक जनदर्शन कार्यक्रम के तहत आमजन की समस्याएं सुनीं। जिलेभर से पहुंचे नागरिकों ने अपनी मांगों और शिकायतों से संबंधित कुल 21 आवेदन कलेक्टर के समक्ष प्रस्तुत किए। कलेक्टर ने सभी मामलों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण और वास्तविक निराकरण सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए।

इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ अंकिता सोम, अपर कलेक्टर नम्रता डोंगरे, संयुक्त कलेक्टर अनिल कुमार सिदार सहित सभी एसडीएम, जनपद सीईओ, तहसीलदार एवं विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।
इन प्रमुख समस्याओं पर हुई सुनवाई:
कोयला उत्खनन की शिकायत: बरबसपुर निवासी रामकृपाल पटवा ने क्षेत्र में हो रहे अवैध कोयला उत्खनन और परिवहन की शिकायत दर्ज कराई।

रेलवे मुआवजा व भूमि विवाद: चिरईपानी की सुभद्री ने रेलवे भूमि अधिग्रहण के मुआवजा भुगतान, जबकि चित्ताझोर के सुरेश पाल और बंजी की सकुन्ती देवी ने भी मुआवजा राशि दिलाने की मांग की। कठौतिया के राम प्रकाश ने पैतृक भूमि के बंटवारे, तथा महाई के बाबूलाल व घोड़बंधा की मेल्दा ने भूमि विवाद से जुड़े मामले रखे।
मतपत्र कार्य का भुगतान: मनेन्द्रगढ़ स्थित एक्सीलेंट बुक्स एंड स्टेशनरी द्वारा स्थानीय निर्वाचन के दौरान किए गए मतपत्र कार्य के लंबित भुगतान को कराने के संबंध में आवेदन दिया गया।
मानदेय व पेंशन: सिंगरौली निवासी अंकुर तिवारी ने मानदेय भुगतान और पोंडी की संजना गुप्ता ने पेंशन की बकाया राशि के भुगतान की मांग रखी।
आवास में पानी भरने की समस्या: मनेन्द्रगढ़ की अनीश बेगम ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बने मकान में पानी भरने की समस्या से अवगत कराया।
राशन और पट्टा: उजियारपुर की मीनू पासी ने पूर्ण राशन उपलब्ध कराने और लरकोड़ा की जानकी बाई ने पट्टा प्रदान करने की गुहार लगाई।
अन्य मांगें: जमथान के छोटेलाल ने कर्ज माफी, खैरबना के सरपंच ने पीएम श्री शाला की शेष राशि के भुगतान, नागपुर के मनोज दुबे ने जल जीवन मिशन की पुरानी शिकायत पर कार्रवाई और मनेन्द्रगढ़ के जसबीर शर्मा ने नल कनेक्शन नामांतरण हेतु आवेदन सौंपा।
अफसरों को दोटूक: निराकरण केवल औपचारिकता न बने, लोगों को दिखे वास्तविक समाधान
कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि जनदर्शन शासन और प्रशासन के प्रति आमजन के विश्वास का सबसे बड़ा माध्यम है। इसलिए शिकायतों का निराकरण केवल कागजी औपचारिकता न बनकर वास्तविक समाधान आधारित होना चाहिए। उन्होंने सभी लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा करने और पात्र हितग्राहियों को त्वरित राहत पहुंचाने के निर्देश दिए।
